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| FIFA वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंचने के बाद क्रोएशिया के खिलाड़ी जश्न मनाते हुए |
रूस में चल रहा फुटबॉल महाकुंभ अपने आखिर दौर में पहुंच गया है। फीफा वर्ल्ड कप में इस बार काफी उल्टफेर देखने को मिले हैं। वर्ल्ड कप में खिताब की दावेदार मानी जा रही कई टीमें ऐसे बाहर हुई हैं कि पूछिए मत, और सबको चौंकाते हुए क्रोएशिया की टीम ने फाइनल में जगह बना ली है। क्रोएशिया के फाइनल में पहुंचने से जहां उनके देश के दर्शकों में खुशी की लहर हैं वहीं भारत के फुटबॉल फैन्स भी जश्न मना रहे हैं। बकवास न्यूज़ ने ढोल की थाप पर भंगड़ा कर रहे ऐसे ही एक कूल डूड सैंडी से बात की तो उसने बोला कि ब्रो क्रोएशिया के फुटबॉल वर्ल्ड कप में पहुंचने के बाद जश्न मनाने के पीछे दो वजहें हैं, क्योंकि एक तो जैसा कि नाम से ही पता चल जाता है कि ये कंट्री एशिया में है, और दूसरी वजह ये है कि एक बार फिर एशिया के किसी देश ने अंग्रेजों को बाहर किया है, जैसा कि हमने भी किया था, सो चिल ब्रो एंड डांस विद मी
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| क्रोएशिया के फाइनल में पहुंचने के बाद फैंस खुशी मनाते हुए |
करीब-करीब सारे फुटबॉल फैन्स इस बात से खुश थे कि एशिया की कोई टीम फाइनल में पहुंच गई है। लेकिन, दिल्ली के मुखर्जीनगर में दिल्ली पुलिस की कोचिंग कर रहे विजय दहिया ने लोगों को दुनिया का मैप दिखाया और बताया कि ज्यादा घणा शाणा बनने की जरूरत ना है, क्रोएशिया की टीम एशिया में ना आवे है बल्कि यूरोप में है, विजय की बातों को सुनकर बसंत बनर्जी ने कहा कि अरे तो क्या हुआ, जैसे भारत वाले विदेश में जा बसते हैं तो उन्हें एनआरआई कहते हैं, वैसे ही क्रोएशिया वाले एशिया के ही हैं, बस यूरोप में जाकर बस गए हैं, इसलिए ज्यादा स्याना बनने की कोशिश कोई ना करे
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| पहली बार क्रोएशिया की टीम फीफा फुटबॉल वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंची है |
बसंत की बातों का वहां मौजूद सैकड़ो फैंस ने समर्थन किया, कई लोग क्रोएशिया का संबंध एशिया से निकालने के मिशन में लग गए हैं, लेकिन बकवास न्यूज़ आपको एकदम सही जानकारी दे रहा है कि क्रोएशिया पूर्वी यूरोप का एक छोटा सा देश है जिसकी आबादी सिर्फ 40 लाख है, यानी दिल्ली से आबादी करीब चार गुनी कम है, और इलाका तो हिमाचल प्रदेश से भी छोटा है, 68 साल बाद पहली बार हुआ है कि क्रोएशिया जैसा छोटा देश फीफा वर्ल्ड कम के फाइनल में पहुंचा हो
©BakwasNews
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